– जिला अस्पताल में चल रहा इलाज
लाखनी (भंडारा) :- बच्चे भगवान का रूप होते हैं ऐसा कहा जाता है किंतु करीब 15 दिन के भीतर भंडारा जिले में मंगलवार को यहां दूसरी घटना घटित हुई है, जिसने मानवता को शर्मसार कर दिया है। लाखनी तहसील के मानेगांव सड़क मार्ग पर एक दस दिन पूर्व जन्मी नवजात बच्ची को बैग में डालकर रास्ते के किनारे छोड़ा गया था। घटना मंगलवार, 1 बजे सामने आयी। पुलिस ने तुरंत घटनास्थल पर पहुंचकर बच्ची को लाखनी के ग्रामीण अस्पताल में लाया। वहां से उसे जिला अस्पताल रेफर किया गया। पुलिस इस मामले की जांच में जुटी है। लाखनी तहसील के मानेगांव सडक मार्ग पर सतबीर पिंग बाबरी के उद्वजित पाल सिंह भाटियाका खेत है। इस खेत परिसर सटे नाले के पास एक पेड़ के नीचे एक काले रंग का बैग नजर आया। प्रत्यक्षदर्शी ने इस घटना की जानकारी पिंपलगांव सड़क निवासी पुलिस पटेल सुरेश मते को दी। उन्होंने तुरंत इस बात की सूचना लाखनी पुलिस को दी। पुलिस निरीक्षक सुभाष बारसे ने अपनी टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचकर बैग में देखा तो वहां एक आठ से दस दिन पूर्व जन्मी छोटी बच्ची नजर आयी। पुलिस ने नवजात शिशु को पहले ग्रामीण अस्पताल लाया, जहां डाक्टरों ने उसकी जांच की। जिसके पश्चात बच्ची स्वस्थ्य होने के जानकारी पुलिस को दी गई। फिर भी उसे भंडारा जिला अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती किया गया है। मामले की जांच पुलिस हवलदार मिलिंद गभणे एवं पुलिस सिपाही क्रांतीस कराडे कर रहे हैं।








