– बैंकों ने किसानों से अपने कर्ज की जानकारी देने के लिए कहा
मुंबई :- किसानों की कर्ज माफी को लेकर राज्य सरकार ने प्रक्रिया शुरू कर दी है। बैंकों ने किसानों से उनके बकाया कर्ज की पूरी जानकारी संबंधित बैंक शाखाओं में जल्द देने की अपील की है, ताकि प्रस्तावित कर्ज माफी योजना का लाभ समय पर दिया जा सके। महायुति ने अपने चुनावी घोषणापत्र में किसानों का कर्ज माफ करने का वादा किया था। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस स्पष्ट कर चुके हैं कि रिपोर्ट मिलने के बाद 30 जून 2026 से पहले कर्ज माफी की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी। कृषि विभाग के एक अधिकारी के अनुसार, पिछले वर्ष मुख्यमंत्री फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और तत्कालीन उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने किसानों की कर्ज माफी का एलान किया था। इसके लिए 1 अप्रैल 2026 तक सभी जरूरी प्रक्रिया निपटाने के आदेश दिए थे। सरकार का कहना है कि पात्र किसानों की पहचान और कर्ज के सत्यापन की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। इसके लिए जिला स्तर पर समन्वय समितियां भी सक्रिय की गई हैं। बैंकों का कहना है कि कई किसानों ने अब तक अपने ऋण संबंधी दस्तावेज अपडेट नहीं किए हैं। ऐसे में समय रहते जानकारी उपलब्ध कराना जरूरी है, ताकि लाभार्थियों की सूची तैयार करने में देरी न हो।सरकार ने बैंकों को निर्देश दिया है कि वे उन सभी किसानों का डेटा तैयार करें जिन्होंने निर्धारित समय सीमा के भीतर अपना ऋण नहीं चुकाया है। यह जानकारी सीधे सरकार द्वारा गठित विशेष समिति को भेजी जाएगी, जो बजट से पहले वित्तीय भार का आकलन करेगी।
राज्य सरकार ने ऋण माफी की प्रक्रिया को सुव्यवस्थित करने के लिए शिंदे समिति का गठन किया है। इस समिति ने बैंकों से 30 जून 2025 से 30 सितंबर 2025 के बीच बकाया ऋण वाले किसानों की विस्तृत जानकारी मांगी है। अरविंद शिंदे ने इस प्रक्रिया की पुष्टि करते हुए बताया कि जिला सेवा समिति, बैंक जांच अधिकारी और शाखा अधिकारियों के माध्यम से गांव-गांव से डेटा एकत्र किया जा रहा है। इसमें रजिस्ट्रार और सरकारी अधिकारियों का भी पूरा सहयोग लिया जा रहा है ताकि कोई भी पात्र किसान इस योजना से वंचित न रहे।




