– शिक्षक नियुक्ति की मांग को लेकर छात्रों का मनपा मुख्यालय पर प्रदर्शन
नागपुर :- नागपुर महानगरपालिका (एनएमसी) के जायताला स्थित एकात्मता नगर मराठी उच्च प्राथमिक विद्यालय में शिक्षकों की भारी कमी को लेकर सोमवार को विद्यार्थियों ने अभिभावकों के साथ नगर आयुक्त कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। छात्रों ने स्कूल में तत्काल पर्याप्त शिक्षकों की नियुक्ति की मांग की। प्रदर्शन में कांग्रेस शहर अध्यक्ष प्रफुल्ल गुडधे और नगरसेवक शैलेंद्र दोरले भी शामिल हुए।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि विद्यालय में नर्सरी, केजी-1, केजी-2 और कक्षा पहली से आठवीं तक कुल 11 कक्षाएं संचालित होती हैं, जिनमें लगभग 170 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। इसके बावजूद स्कूल में केवल तीन शिक्षक कार्यरत हैं। इनमें से एक शिक्षक की चुनाव संबंधी बूथ लेवल ऑफिसर (बीएलओ) ड्यूटी लगा दी गई है, जिससे वर्तमान में केवल दो शिक्षक ही सभी कक्षाओं और विषयों का संचालन कर रहे हैं। अभिभावकों का आरोप है कि शिक्षकों की कमी के कारण बच्चों की पढ़ाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है। उनका कहना है कि बच्चे रोज सुबह स्कूल तो जाते हैं, लेकिन कई बार पर्याप्त शिक्षक नहीं होने के कारण बिना पढ़ाई के ही घर लौटना पड़ता है। इस समस्या को लेकर पिछले एक महीने से लगातार प्रशासन का ध्यान आकर्षित किया जा रहा है, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला।
कई विषयों की पढ़ाई ठप :
प्रदर्शन में शामिल कक्षा आठवीं के एक छात्र ने बताया कि स्कूल में नियमित रूप से केवल अंग्रेजी और गणित की ही पढ़ाई हो रही है। मराठी, विज्ञान, इतिहास, भूगोल, व्याकरण समेत कई विषयों के शिक्षक नहीं होने से इन विषयों का पाठ्यक्रम अधूरा रह गया है। एक अन्य छात्र ने कहा कि सुबह 7 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक स्कूल में रहने के बावजूद केवल दो शिक्षक सभी कक्षाओं को संभालते हैं। वे छात्रों को अलग-अलग समूहों में बांटकर एक से डेढ़ घंटे तक पढ़ाते हैं, जिससे सभी विषयों की पढ़ाई संभव नहीं हो पा रही है।
प्रशासन पर उपेक्षा का आरोप:
कांग्रेस शहर अध्यक्ष प्रफुल्ल गुडधे ने आरोप लगाया कि महानगरपालिका प्रशासन नगर निगम स्कूलों की लगातार उपेक्षा कर रहा है। उन्होंने कहा कि शिक्षकों की कमी से शिक्षा की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है और अभिभावक मजबूर होकर अपने बच्चों का प्रवेश दूसरे स्कूलों में करा रहे हैं। बाद में छात्र संख्या घटने का हवाला देकर ऐसे स्कूलों को गैर-व्यवहार्य बताया जाता है, जबकि पर्याप्त शिक्षक उपलब्ध कराना महानगरपालिका की जिम्मेदारी है।
आयुक्त ने दिया आश्वासन
प्रदर्शनकारियों ने स्कूल में सभी रिक्त शिक्षक पदों को तत्काल भरने की मांग की और चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं किया गया तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।इस दौरान नगर आयुक्त डॉ. विपिन इटणकर ने प्रदर्शनकारी छात्रों और उनके प्रतिनिधियों से मुलाकात की। उन्होंने स्कूल में शिक्षकों की कमी की समीक्षा कर जल्द आवश्यक कदम उठाने तथा पर्याप्त शिक्षकों की नियुक्ति सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया। आयुक्त के आश्वासन के बाद छात्रों और अभिभावकों ने अपना प्रदर्शन समाप्त कर दिया।



