– गणेश प्रतिमा निर्माण कार्यशाला में धर्म की सीमाएं हुईं दरकिनार,
नागपुर :- हजारों नन्हे हाथों ने मिट्टी को आकार देकर गणेशजी की सुंदर प्रतिमाएं गढ़ीं और साथ ही सामाजिक सौहार्द का संदेश भी दिया। नागपुर महानगरपालिका की ओर से कविवर्य सुरेश भट सभागृह में आयोजित इको-फ्रेंडली गणेश प्रतिमा निर्माण कार्यशाला में विभिन्न धर्मों और समुदायों के 5 हजार से अधिक विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया।
इस कार्यशाला में सौहार्द की अनूठी तस्वीर देखने को मिली। हिंदू विद्यार्थियों ने अपने मुस्लिम सहपाठियों को गणेश प्रतिमा बनाने की तकनीक समझाने के साथ ही उन्हें ‘शाडू’ मिट्टी से प्रतिमा गढ़ने में मदद की। ख्वाजा गरीब नवाज उर्दू हाईस्कूल के मोहम्मद आजाद अहमद, सातिब हुसैन, जिया-उर-रहमान और मोहम्मद अर्सलान अंसारी ने भी कार्यशाला में उत्साहपूर्वक भाग लिया। विद्यार्थियों ने बताया कि कार्यशाला उनके लिए केवल नई कला सीखने का अवसर नहीं थी, बल्कि अलग समुदाय के सहपाठियों के साथ समय बिताने और एक-दूसरे को समझने का अनुभव भी रहा। मोहम्मद आजाद अहमद ने कहा कि गणेश प्रतिमा बनाते हुए उन्हें काफी आनंद आया और जब प्रतिमा बनाने में कठिनाई हुई तो उनके दोस्तों ने मदद की। जिया ने कहा कि साथ मिलकर काम करने से आपसी जुड़ाव और बढ़ा। डिप्टी सिग्नल स्थित संजय नगर हाईस्कूल की खुशी शाहू, योगेश्वरी राऊत और अनन्या समेत अन्य विद्यार्थियों ने भी कार्यशाला में हिस्सा लिया। बच्चों ने कहा कि वे इस कार्यशाला को सीखने, दोस्ती और आपसी भाईचारे के यादगार अनुभव के रूप में याद रखेंगे। विद्यार्थियों ने पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए गणेशोत्सव मनाने का संकल्प भी व्यक्त किया।
बच्चों की कलाओं ने किया सबको मोहित
महापौर नीता ठाकरे ने कहा कि शाडू मिट्टी की गणेश प्रतिमाओं को प्रोत्साहित करना जरूरी है। प्लास्टर ऑफ पेरिस (पीओपी) की प्रतिमाओं से होने वाले जल प्रदूषण को रोकने में पर्यावरणपूरक प्रतिमाएं महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं। कार्यशाला में विद्यार्थियों की रचनात्मकता भी देखने को मिली। ज्योतिबा विद्यालय के विद्यार्थियों ने नागपुर के प्रसिद्ध टेकड़ी गणपति की प्रतिकृति तैयार की। कुछ विद्यार्थियों ने मूषक वाहन गणेश, दैत्य का वध करते हुए गणेशजी, मोर पर सवार गणेशजी तथा सिंहासन पर विराजमान गणेशजी की आकर्षक प्रतिमाएं बनाईं।
प्रशिक्षक नाना मिसाल, गौरव सावरकर, निशांत कावड़ते और पास्थनकर के साथ शिक्षकों ने विद्यार्थियों को प्रतिमा निर्माण की तकनीक सिखाई। मनपा की ओर से विद्यार्थियों को शाडू मिट्टी और अन्य आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराई गई। कार्यशाला में मनपा के 56 स्कूलों तथा शहर के 20 अन्य स्कूलों के विद्यार्थियों ने भाग लिया। कई विद्यार्थी अपनी बनाई प्रतिमाएं घर ले गए, जबकि शेष प्रतिमाएं मनपा अधिकारियों और इच्छुक नागरिकों को गणेशोत्सव में स्थापना के लिए उपलब्ध कराई जाएंगी।





