नागपुर :- ‘जलयुक्त क्षेत्र अभियान’ के व्यापक कार्यान्वयन से नागपुर संभाग में पेयजल की कमी में काफी कमी आई है, और गर्मियों के चरम पर होने के बावजूद वर्तमान में केवल 19 गांव ही टैंकर आपूर्ति पर निर्भर हैं.
सूत्रों ने बताया कि, यह उपलब्धि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस द्वारा शुरू किए गए प्रमुख अभियान के तहत किए गए दीर्घकालिक जल संरक्षण और भूजल पुनर्भरण उपायों की सफलता को दर्शाती है. हिंगना, रामटेक और नागपुर तहसीलों के 19 गांवों को छोडक़र, संभाग के किसी भी अन्य ग्रामीण क्षेत्र को वर्तमान में टैंकर आधारित जलापूर्ति की आवश्यकता नहीं है. प्रशासन ने बताया कि, जल संकट से निपटने के लिए चार चरणों वाली कार्य योजना तैयार की गई है और इसे अक्टूबर 2०25 से जून 2०26 तक लागू किया गया है. इस योजना के तहत, मंडल के 921 गांवों के लिए जल संबंधी 8,433 हस्तक्षेप प्रस्तावित किए गए हैं.
अधिकारियों ने बताया कि, पाइप से पानी की आपूर्ति योजनाओं, सार्वजनिक हैंडपंपों, कुओं और बोरवेलों के माध्यम से 3,668 गांवों में पहले ही निवारक उपाय किए जा चुके हैं. जलयुक्त क्षेत्र योजना के तहत स्थानीय जल स्रोतों को मजबूत किया जा रहा है.
इस अभियान ने भीषण गर्मी के महीनों के दौरान पर्याप्त पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है.
महाराष्ट्र्र को सूखामुक्त बनाने के उद्देश्य से शुरू किए गए इस अभियान में जनभागीदारी और स्थानीय स्वशासन निकायों की भागीदारी के माध्यम से जल संचयन, जलधाराओं के पुनरुद्धार और भूजल पुनर्भरण पर ध्यान केंद्रित किया गया. सूत्रों ने अधिकारियों ने दावा किया कि इन उपायों के परिणामस्वरूप पूरे क्षेत्र में भूजल स्तर में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है.
वर्तमान में, 3,668 ग्राम पंचायतों में 16.95 लाख घरों में नल कनेक्शन उपलब्ध कराए गए हैं, जिससे लगभग 73 लाख लोगों को लाभ मिल रहा है. इसके अतिरिक्त, 55 हजार से अधिक हैंडपंप और 23,765 सार्वजनिक कुएं नियमित रूप से पानी की आपूर्ति कर रहे हैं.
शहरी क्षेत्रों में भी स्थिति में सुधार की सूचना मिली है. इस संभाग के 83 नगर परिषद क्षेत्रों में वर्तमान में केवल 154 टैंकर ही कार्यरत हैं. 3.12 लाख से अधिक नल कनेक्शनों के माध्यम से 3०.65 लाख से अधिक निवासियों को पानी मिल रहा है.
सूत्रों ने कहा कि जून के अंत तक निर्बाध जल आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और किसी भी आपातकालीन आवश्यकता के लिए टैंकर तैनाती योजना तैयार है.



