– केंद्रीय मंत्री सीआर पाटिल ने कांग्रेस सहित विपक्षी पार्टियों को घेरा
नागपुर :- केंद्रीय मंत्री सीआर पाटिल ने कांग्रेस समेत विपक्षी दलों पर तीखा हमला बोला है। गुरुवार को प्रेस क्लब में पत्रकारवार्ता में पाटिल ने विपक्ष को महिला विरोधी बताते हुए कहा कि जो पार्टियां अपने ही परिवार की महिलाओं को सांसद बनाती रही हैं, वही आम महिलाओं को अधिकार देने वाले कानूनों का विरोध करती हैं। पाटिल ने कहा कि आने वाले समय में देश की महिलाएं ऐसी पार्टियों को करारा जवाब देंगी और उन्हें सबक सिखाएंगी।
नारी शक्ति वंदना बिल के सपोर्ट में BJP पूरे देश में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रही है। नागपुर में बोलते हुए, केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी. आर. पाटिल ने विपक्ष पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे, तो उन्होंने लोकल बॉडीज़ में महिलाओं के लिए 50 परसेंट रिज़र्वेशन दिया था। उन्होंने महिलाओं को अधिकार दिए और उन पर भरोसा किया।
जब 2001 में जनगणना हुई थी, तो 2009 में चुनाव क्षेत्रों को फिर से बनाया गया था। अभी भी कांग्रेस और विपक्ष ने ऐसा दिखाया है जैसे अगले 8-9 साल तक महिलाओं को मौके नहीं मिलेंगे। प्रधानमंत्री मोदी ने सदन में ऐलान किया था कि BJP इसका क्रेडिट नहीं लेगी। उन्होंने कहा था कि किसी भी राज्य को नुकसान नहीं पहुंचाया जाएगा। उसके बाद भी वे कन्फ्यूजन फैला रहे हैं।
कई पार्टियों ने परिवार की महिलाओं को टिकट दिए। लेकिन जब देश में महिलाओं को मौका देने का समय आया, तो उन्होंने इसका विरोध किया। प्रधानमंत्री मोदी ने इस बिल को लागू करने की पूरी कोशिश की। लेकिन विपक्ष ने इसे पास नहीं होने दिया और जश्न मनाया। देश की महिलाएं कांग्रेस और विपक्ष को जवाब देंगी। प्रधानमंत्री मोदी ने महिलाओं को ताकत देने का संकल्प लिया है और इसे दिए बिना नहीं रहेंगे, उन्होंने कहा।
जब 543 सीटें थीं, तो आबादी 54 करोड़ थी। अब यह 134 करोड़ है। गृह मंत्री अमित शाह ने साफ कर दिया है कि चुनाव क्षेत्र के पुनर्गठन में सभी राज्यों की सीटें बढ़ेंगी। उसके बाद भी, उन्होंने आलोचना की कि सिर्फ विरोध के लिए विरोध था। इस मौके पर सांसद माया इवानाते, विधायक कृष्णा खोपड़े, पूर्व सांसद अजय संचेती, दिव्या धुराडे, संदीप जाधव आदि मौजूद थे।
मोदी महिलाओं को वह देंगे जिसकी वे हकदार हैं : दर्शना सिंह
17 अप्रैल का दिन ऐतिहासिक होता। लेकिन कांग्रेस समेत विपक्ष की महिलाओं के चेहरों की खुशी छीन ली गई। इसलिए इसे काला दिन के तौर पर जाना जाएगा। BJP की कोशिश 2011 की आबादी के आधार पर आरक्षण देने की थी। कांग्रेस चाहे जितनी भी रुकावट डाले, प्रधानमंत्री मोदी महिलाओं को सम्मान और हक दिलाकर ही रहेंगे। MP दर्शना सिंह ने कहा कि महिलाओं को भरोसा है कि मोदी उन्हें उनका हक दिलाएंगे।

