धारणी :- सतपुड़ा में कृषि कार्यालय के सामने सड़क पर लटक रहे बिजली तार की चपेट में आने से मोटरसाइकिल चालक हरीराम रामलाल मावस्कर (54) की दर्दनाक मौत हो गई। यह हादसा 6 दिसंबर की रात करीब 1 बजे हुआ। बताया गया कि अंधेरे के कारण सड़क पर झूल रहा बिजली तार अचानक मोटरसाइकिल के हैंडल में फंस गया, जिससे चालक का संतुलन बिगड़ गया और वह गड्ढे में जा गिरा। गंभीर चोटों के चलते उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। हैरानी की बात यह है कि इस गंभीर मामले में जिम्मेदारों पर कार्रवाई करने के बजाय धारणी पुलिस ने मृतक के खिलाफ ही प्रकरण दर्ज कर अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लिया। सवाल यह उठता है कि जब सार्वजनिक सड़क पर बिजली का तार लटक रहा था, तो इसमें मोटरसाइकिल चालक की क्या गलती थी? यह हादसा स्पष्ट रूप से बिजली विभाग की घोर लापरवाही का परिणाम है, जिसके कारण एक निर्दोष नागरिक की जान चली गई। बिजली विभाग के संबंधित अधिकारियों पर मामला दर्ज करने के बजाय पुलिस द्वारा मृतक को ही आरोपी बनाए जाने से मावस्कर परिवार पर दोहरा आघात पहुंचा है। एक ओर परिवार ने अपना कमाऊ सदस्य खो दिया, वहीं दूसरी ओर न्याय की उम्मीद भी टूटती नजर आ रही है। इस घटना ने प्रशासनिक संवेदनहीनता को उजागर करते हुए यह सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर आम नागरिक की सुरक्षा की जिम्मेदारी कौन लेगा?








