– पुलिस की तकनीकी जांच शुरू
गड़चिरोली :- तहसील के वटेली क्षेत्र में लौह अयस्क उत्खनन को लेकर गतिविधियां शुरू करनेवाली जेएसडब्लू ग्रुप कंपनी के अधिकारियों को जान से मारने की धमकी देने वाला पत्र मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया है. ‘लाल सलाम’ लिखे इस पत्र में कंपनी को तत्काल काम बंद कर क्षेत्र छोड़ने की चेतावनी दी गई है. हालांकि, संबंधित इलाके में नक्सली गतिविधियों का कोई ठोस प्रमाण नहीं मिलने तथा ग्रामीणों की ओर से भी किसी प्रकार का खुला विरोध सामने नहीं आने के कारण पुलिस ने इस पूरे मामले को शरारती हरकत होने की आशंका जताई है. पिछले कुछ दिनों से एटापल्ली तहसील में प्रस्तावित खनन परियोजनाओं को लेकर विभिन्न स्तरों पर चर्चाएं चल रही थीं. इसी बीच वटेली क्षेत्र में नक्सली शैली में लिखा गया एक पत्रक मिला. इस पत्र में जेएसडब्लू ग्रुप कंपनी के वरिष्ठ अधिकारियों का सीधे उल्लेख करते हुए उन्हें गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी गई है. पत्र के अंत में ‘लाल सलाम’ लिखकर इलाके में दहशत फैलाने की कोशिश किए जाने की बात पुलिस ने कही है. पुलिस सूत्रों के अनुसार, वटेली स्थानीय विरोध नहीं होने पुलिस सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार वटेली व समीप के परिसर में इन दिनों की कालावधि में नक्सल गतिविधियां दर्ज नहीं हुई है. वहीं संबंधित प्रकल्प के खिलाफ स्थानीय ग्रामसभा अथवा ग्रामीणों द्वारा अधिकृत रूप से कोई प्रस्ताव या आंदोलन नहीं किया गया. जिससे नक्सलियों के नाम का उपयोग कर वातावरण दूषित करने अथवा भय निर्माण करने का प्रयास होने का संदेह व्यक्त किया जा रहा है.
वटेली क्षेत्र में मिले पत्रक के संबंध में जांच जारी है. प्राथमिक जानकारी के अनुसार इस इलाके में नक्सली गतिविधियां सामने नहीं आई है. साथ ही स्थानीय नागरिकों की ओर से भी परियोजना का कोई ठोस विरोध दिखाई नहीं दिया है. इसलिए किसी बाहरी व्यक्ति द्वारा जानबूझकर यह हरकत किए जाने की आशंका है. मामले की गहन जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.आसपास के क्षेत्रों में हाल के समय में किसी भी प्रकार की नक्सली गतिविधि दर्ज नहीं की गई है. इसके अलावा, स्थानीय ग्रामसभाओं अथवा ग्रामीणों की ओर से परियोजना के विरोध में कोई आधिकारिक प्रस्ताव या आंदोलन भी सामने नहीं आया है. ऐसे में नक्सलियों के नाम का इस्तेमाल कर माहौल बिगाड़ने का प्रयास किए जाने की आशंका जताई जा रही है. घटना के बाद पुलिस ने इलाके में गश्त और सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी है. पत्रक किसने तैयार किया, उसका वितरण कैसे किया गया और इसके पीछे उद्देश्य क्या था, इसकी जांच तकनीकी माध्यमों से की जा रही है.



