बालाघाट :- २५ सितम्बर, सरदार पटेल आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल, बालाघाट में आयुर्वेद के प्रचार-प्रसार और जनजागरूकता के उद्देश्य से दसवें आयुर्वेद दिवस के अवसर पर १९ से २४ सितम्बर तक एक सप्ताह लंबा विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस भव्य आयोजन के संरक्षक कुलाधिपति इंजीनियर दिवाकर सिंह, प्रो-कुलाधिपति वीरेश्वर सिंह, कुलपति डॉ. विप्लव पोल, रजिस्ट्रार डॉ स्वाति जैसवाल तथा कार्यकारी निर्देशक डॉ मंजितसिंग रहे। इस कार्यक्रम श्रृंखला की सफलता के हेतू संस्थान के प्रधानाचार्य डॉ. सुभाष वाघे का कुशल मार्गदर्शन एवं नेतृत्व रहा।
आयोजनों का विवरण निम्नानुसार रहा:
१९ सितम्बर शुक्रवारी इस श्रृंखला की शुरुआत ग्राम खमरिया में एक सफल मुफ्त चिकित्सा शिविर एवं जन जागरूकता कार्यक्रम के साथ हुई, जहाँ ग्रामीणों को आयुर्वेदिक स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ पहुँचाया गया।
२० सितम्बर शनिवारी आयुर्वेद दिवस के उपलक्ष्य में एक जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। यह रैली अम्बेडकर चौक से प्रारंभ होकर हनुमान चौक से गुजरती हुई कालीपुतली चौक पर समाप्त हुई। रैली में छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इसी रॅली मे चौक चौक पर नुक्कड नाटक भी आयोजित किया गया.
२२ सितम्बर सोमवारी सरदार पटेल इंटरनेशनल स्कूल, बालाघाट में एक स्कूल आउटरीच कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें विद्यार्थियों को आयुर्वेद के मूल सिद्धांतों और स्वस्थ जीवनशैली के बारे में जानकारी दी गई। साथ ही, संस्थान परिसर में आयुर्वेदिक दवाओं और औषधीय पौधों की एक लघु प्रदर्शनी एवं एक्सपो का भव्य आगाज हुआ, जिसने आगंतुकों का ध्यान खींचा।
२३ सितम्बर मंगलवार को छात्रों के समग्र कल्याण को ध्यान में रखते हुए सरदार पटेल यूनिवर्सिटी कैम्पस में योग एवं ध्यान (मेडिटेशन) सत्र आयोजित किया गया। इसी दिन आयुर्वेद में आपातकालीन प्रबंधन पर एक राष्ट्रीय सेमिनार का आयोजन किया गया, जिसमें विषय विशेषज्ञों ने अपने मूल्यवान विचार रखे। बंगलोर से आये हुये प्रमुख वक्ता डॉ अश्वथ राव ने आयुर्वेदिक उपचार द्वारा कॅन्सरग्रस्त रुग्ण के इलाज पर प्रकाश डाला तथा गोवा के प्रख्यात डॉ उपेंद्र दीक्षित ने विविध आत्यायिक रोगो का आयुर्वेद द्वारा सफल इलाज पर व्याख्यान दिया. कुल 355 सहभागी यो द्वारा इसका लाभ लिया गया ।
२४ सितम्बर, बुधवारी कार्यक्रम श्रृंखला के अंतिम दिन एक विद्यार्थी शोध पत्र एवं पोस्टर प्रस्तुति प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें छात्र-छात्राओं ने आयुर्वेद के विभिन्न पहलुओं पर अपने शोध और विचार प्रस्तुत किए।
संस्थान के प्रधानाचार्य डॉ. सुभाष वाघे ने सभी आयोजनों की सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि इस तरह के कार्यक्रम आयुर्वेद की समृद्ध परंपरा को नई पीढ़ी तक पहुँचाने और समाज में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता फैलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने सभी संरक्षकों, शिक्षकों, कर्मचारियों और छात्रों के अथक प्रयासों की सराहना की।
डॉ. सुभाष वाघे- प्रधानाचार्य- सरदार पटेल आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल, बालाघाट




