– शहर में तनाव: तीन स्थानों पर टायर जलाकर हलबा समुदाय का विरोध प्रदर्शन
– गांधीबाग में आमरण अनशन जारी, संगठन ने सरकार पर लापरवाही का आरोप लगाया
नागपुर :- आरक्षण की मांग को लेकर हलबा समुदाय द्वारा शुरू किया गया आंदोलन गुरुवार को हिंसक हो गया. शाम ढलते ही हलबा समुदाय के युवकों ने सतनामीनगर और गंगाबाई घाट इलाकों में ‘आपली बस’ पर पथराव किया. इस दौरान बस की खिड़कियां टूट गई जिससे यात्रियों में दहशत फैल गई. इसके अलावा समुदाय के युवकों ने 3 स्थानों पर टायर जलाकर भी अपना विरोध जताया. डॉ. सुशील कोहाड़ और जगदीश खापेकर 5 नवंबर से गांधीबाग में आमरण अनशन पर हैं. संगठन का आरोप है कि सरकार के शहर में मौजूद होने के बावजूद सरकार और प्रशासन ने इस आंदोलन को नजरअंदाज किया है. संगठन ने चेतावनी दी थी कि सरकार को आदिवासी हलबा विद्रोह का तुरंत संज्ञान लेना चाहिए, अन्यथा आंदोलन और तेज होगा और इसके लिए सरकार पूरी तरह जिम्मेदार होगी, इसीलिए उन्होंने यशोधरा नगर थानांतर्गत बिनाकी मंगलवारी मार्ग पर सड़क पर टायर जलाकर विरोध प्रदर्शन किया.
‘हलबा एकता जिंदाबाद’ के नारों के बीच पुलिस ने दर्ज किया मामला
पुलिस के पहुंचते ही वे भाग गए. इसके बाद शांतिनगर थानांतर्गत कुंभारपुरा और बस्तरवारी में भी कुछ युवकों ने रात करीब 8.30 बजे सड़क पर टायर जलाकर विरोध प्रदर्शन किया. इस दौरान उन्होंने ‘हलबा एकता जिंदाबाद’ के नारे लगाए. गुरुवार की रात भी करीब 8.30 बजे कुछ युवकों ने सतनामीनगर और गंगाबाई घाट इलाकों में ‘आपली बस’ पर पत्थर फेंके और ‘हलबा एकता जिंदाबाद’ के नारे लगाए. सूचना मिलते ही लकड़गंज पुलिस मौके पर पहुंची. पुलिस ने सरकारी कामकाज में बाधा डालने का मामला दर्ज किया है. आगे की जांच जारी है.




