– ईंधन, सोना-चांदी के बाद थाली पर महंगाई की मार
नागपुर :- पेट्रोल-डीजल और सोने-चांदी की आसमान छूती कीमतों के बाद अब आम जनता को सबसे बड़ा झटका रसोई के बजट पर लगा है। शाकाहारी थाली के मुख्य प्रोटीन स्रोत-दालों की कीमतों में अचानक आई भारी तेजी ने आम उपभोक्ताओं को परेशान कर दिया है। थोक बाजार में शनिवार की तुलना में सोमवार को तुअर (अरहर) दाल की कीमतों में 600 रुपए और चना दाल में 500 रुपए प्रति क्विंटल का बड़ा उछाल दर्ज किया गया है। इसके साथ ही चावल भी 300 रुपए प्रति क्विंटल तक महंगा हो गया है। अनाज व्यापारी रमेश उमाठे के अनुसार, बाजार में अचानक मांग बढ़ने और पीछे से आपूर्ति (सप्लाई) में आई कमी के कारण इस नए कारोबारी हफ्ते की शुरुआत (सोमवार) होते ही अनाज और दालों के दाम उच्च स्तर पर पहुंच गए हैं।
तुअर और तुअर दाल : बाजार में खड़ी तुअर (गावरानी) 600 रुपए की तेजी के साथ 6,900 से 7,800 रुपए प्रति क्विंटल पर पहुंच गई है। वहीं, प्रीमियम क्वालिटी की तुअरदाल बेस्ट सारटैक्स फटका का भाव बढ़कर 12,400 से 13,000 रुपए प्रति क्विंटल हो गया है।
चना और चना दाल : देसी चने का भाव 5,800 रुपए से उछलकर 6,700 रुपए तक पहुंच गया है। इस तेजी के असर से ‘चनादाल सुपर बेस्ट’ अब थोक बाजार में 8,100 से 8,500 रुपए प्रति क्विंटल के स्तर पर बिक रही है।
चावल की किस्में: चावल के दामों में भी 200 से 300 रुपए की बढ़ोतरी देखी गई है। लोकप्रिय चावल जयश्रीराम का भाव अब 5,600 रुपए से बढ़कर 6,500 रुपए और साइजर कोलम का भाव 7,600 रुपए प्रति क्विंटल तक पहुंच गया है।
थोक बाजार में आई इस एकमुश्त और अप्रत्याशित तेजी के कारण आने वाले दिनों में खुदरा बाजार में भी दालों और चावल के दाम बढ़ने तय हैं। इससे सीधे तौर पर आम उपभोक्ताओं की जेब पर अतिरिक्त बोझ बढ़ेगा और घर का मासिक बजट बिगड़ना निश्चित है।