– पुलिस प्रशासन की लापरवाही
नागपुर :- यह स्पष्ट होता जा रहा है कि शहर के विभिन्न हिस्सों में करोड़ों रुपये खर्च करके सौंदर्यीकरण किए गए फुटपाथ और सार्वजनिक पैदल मार्ग अब युवाओं के धूम्रपान अड्डे बनते जा रहे हैं. विशेषकर शाम और रात के समय, कई स्थानों पर युवाओं के समूह सिगरेट पीते नजर आते हैं. पुलिस प्रशासन की इस मामले में उदासीनता को लेकर नागरिक आक्रोश व्यक्त कर रहे हैं.
मनपा ने बजाज नगर, चिल्डैन ट्रैफिक पार्क, जेल रोड आदि के साथ-साथ अन्य क्षेत्रों में प्रमुख चौकों, सडक़ों और पैदल मार्गों का सौंदर्यीकरण किया.
आकर्षक प्रकाश व्यवस्था, बैठने की व्यवस्था, रंगाई और सजावट का काम किया गया. हालांकि, इन सुविधाओं का दुरुपयोग बढ़ता जा रहा है. कई जगहों पर देखा गया है कि लोग फुटपाथ पर बैठकर सिगरेट पी रहे हैं, वेपिंग कर रहे हैं और अन्य नशीले पदार्थों का सेवन कर रहे हैं.
कुछ इलाकों में देर रात तक वाहनों की भीड़ लगी रहती है और तेज संगीत बजता रहता है.
इस अराजकता और अभद्र व्यवहार के कारण अन्य लोग भी परेशान हो रहे हैं. स्कूलों, कॉलेजों और आवासीय क्षेत्रों के पास फुटपाथों पर ऐसी घटनाओं में वृद्धि को लेकर अभिभावक चिंता व्यक्त कर रहे हैं. गौरतलब है कि नागरिक आरोप लगा रहे हैं कि सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान प्रतिबंधित कानून होने के बावजूद संबंधित अधिकारियों द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है.
आजकल सिगरेट और चाय का मेल काफी लोकप्रिय हो गया है. लोग चाय की चुस्की लेते हुए सिगरेट पीते हैं. कुछ लोग खुलेआम फुटपाथ पर सिगरेट पीते हैं, वहीं कई चाय की दुकानों में पीछे छिपकर सिगरेट पीने वालों के लिए विशेष व्यवस्था होती है. शहर में कई जगहों पर ऐसी गुप्त व्यवस्था वाली चाय की दुकानें भी हैं. दुकानदारों का कहना है कि इससे उनकी आमदनी दोगुनी हो जाती है.
सौंदर्यीकरण परियोजनाओं के मूल उद्देश्य को बनाए रखने के लिए नियमित पुलिस गश्त, सीसीटीवी निगरानी और धूम्रपान करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की जा रही है. सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान प्रतिबंध के संबंध में जन जागरूकता अभियान चलाने की भी आवश्यकता है.