नागपूर :- मनी लॉन्ड्रिंग मामले में तीन साल से अधिक समय से जेल में बंद नागपुर के वकील सतीश उके और उनके भाई प्रदीप उके को विशेष अदालत ने जमानत दे दी है। अदालत ने कहा कि दोनों ने पहले ही उस अपराध के लिए निर्धारित न्यूनतम सजा अवधि पूरी कर ली है, जिसके तहत उन्हें गिरफ्तार किया गया था। विशेष न्यायाधीश आर.बी. रोटे ने 7 अक्टूबर को यह आदेश पारित किया था।
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने सतीश उके और उनके भाई को 31 मार्च 2022 को गिरफ्तार किया था। उन पर आरोप था कि उन्होंने अपनी फर्म महापुष्पा क्रिएशंस के माध्यम से फर्जी दस्तावेज बनवाकर कई वास्तविक मालिकों और नागपुर इंप्रूवमेंट ट्रस्ट की भूमि हड़प ली। ईडी के अनुसार, इस साजिश से करीब 36.60 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति अर्जित की गई थी।








