spot_imgspot_img

Latest News

spot_img

Related Posts

गढ़चिरोली में 400 एसपीओ की सेवा समाप्त

– नक्सल विरोधी योद्धा हुए बेरोज़गार

गढ़चिरोली :- जहाँ एक ओर ज़िला नक्सल मुक्त होने की ओर अग्रसर है, वहीं पिछले 20 वर्षों से नक्सल विरोधी लड़ाई में सहयोग कर रहे विशेष पुलिस अधिकारियों की छंटनी धन की कमी के कारण गुप्त सेवा से की जा रही है। अब तक 400 एसपीओ हटा दिए गए हैं। अगर आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों का पुनर्वास हो सकता है, तो हमारे साथ अन्याय क्यों हो रहा है, यह सवाल सेवा से हटाए गए विशेष पुलिस अधिकारियों ने उठाया है। गढ़चिरोली ज़िले में विशेष पुलिस अधिकारी के रूप में कार्यरत 400 से ज़्यादा लोगों का मई 2025 से मानदेय बंद कर दिया गया है। इससे इन कर्मचारियों के परिवारों के सामने गंभीर आर्थिक संकट पैदा हो गया है। ये सभी पिछले 15 से 20 वर्षों से नक्सल विरोधी लड़ाई में मुखबिर के तौर पर विभिन्न जगहों पर काम कर रहे थे। पुलिस विभाग को केंद्रीय गृह मंत्रालय से इनके मानदेय के लिए विशेष धनराशि मिलती थी। लेकिन, जिले में नक्सलवाद लगभग समाप्त हो जाने के कारण यह धनराशि बंद कर दी गई है। इसलिए, पुलिस विभाग के पास भी इनके पुनर्वास का कोई समाधान नहीं है। वरिष्ठ पुलिस सूत्रों के अनुसार, चूँकि यह सरकार का नीतिगत निर्णय है, इसलिए उनके स्तर पर इस मुद्दे का समाधान नहीं हो पाएगा।

Popular Articles