चंद्रपूर :- गडचांदूर नगरपरिषद चुनाव के दौरान ईवीएम मशीन तोड़ने वाले आरोपी विवेक मल्लेश दुर्गे (39) के खिलाफ पुलिस ने एक साथ कई गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। आरोपी को मंगलवार (2 दिसंबर) को गिरफ्तार किया गया था। बुधवार (3 दिसंबर) उसे कोरपना न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे गुरुवार (4 दिसंबर) तक की पुलिस हिरासत में भेजा गया।
गडचांदूर के प्रभाग क्रमांक 9 के मतदान केंद्र में विवेक दुर्गे ने आरोप लगाया था कि ‘नगाड़ा’ के चिन्ह के सामने बटन दबाने पर ‘कमल’ चिन्ह का लाइट जल रही है। इसी आरोप के आधार पर उसने मतदान केंद्र में ही ईवीएम मशीन तोड़ दी।
गडचांदूर पुलिस ने उसके खिलाफ कई धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है, जिनमें Bns की धारा 132, 324(4), 351(2), 223(A) लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 : धारा 131(2), 132(1), 135(C)1, 136(1) सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम 1984 : धारा 3(1) इन धाराओं में मतदान प्रक्रिया में बाधा डालना, ईवीएम को नुकसान पहुँचाना, सरकारी काम में रुकावट डालना और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान जैसे आरोप शामिल हैं।
ठाणे के बाहर रात 12:30 बजे तक प्रदर्शन
आरोपी की गिरफ्तारी के बाद उसके समर्थकों ने मंगलवार (2 दिसंबर) रात 12:30 बजे तक पुलिस थाने के बाहर प्रदर्शन किया। वे विवेक दुर्गे की रिहाई की मांग कर रहे थे। पुलिस ने समझाया कि कानूनी कार्रवाई अनिवार्य है, जिसके बाद भीड़ शांत हो गई।
पहले ही दिया था ईवीएम तोड़ने का संकेत?
जानकारी के अनुसार, आरोपी विवेक दुर्गे ने 16 नवंबर को अपने फेसबुक अकाउंट पर एक पोस्ट की थी, जिसमें उसने ईवीएम मशीन तोड़ने की बात लिखी थी।
पोस्ट में लिखा गया था—
“गडचांदूर नगर चुनाव में ईवीएम मशीन फोड़ूंगा, क्योंकि ईवीएम मशीन चोर है और चुनाव आयोग चोरों का सरदार है।”
इस पोस्ट की जांच सायबर पुलिस कर रही है।
इसके अलावा, घटना वाले दिन भी वह ईवीएम तोड़ने की बात करते हुए लोगों को धमका रहा था, ऐसी चर्चा है।




