नागपुर :- शासकीय आयुर्वेद महाविद्यालय के छात्रावास में रैगिंग का मामला गर्माने के बाद कॉलेज प्रशासन अलर्ट हो गया है. भविष्य में छात्रावास में रैगिंग जैसी घटनाएं दोबारा न हों, इसके लिए महाविद्यालय प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी करने का निर्णय लिया है. छात्रावास में नियमित गश्त बढ़ाई जाएगी. छात्राओं का समय-समय पर समुपदेशन किया जाएगा. यहां रात में भी रैगिंग निरोधक समिति द्वारा आकस्मिक निरीक्षण किया जाएगा. वहीं रैगिंग का शिकार छात्राओं का समुपदेशन कर उनके डर को दूर करने का प्रयास किया जाएगा.
रात 1० बजे के बाद छात्रावास में होती थी रैगिंग
शासकीय आयुर्वेद महाविद्यालय एवं अस्पताल के बालिका छात्रावास में रैगिंग का मामला सामने आने के बाद माहौल गर्माया गया है. वहीं इस प्रकरण की रैगिंग निरोधक समिति ने रैगिंग मामले की गुत्थी सुलझा ली है. समिति ने इस मामले में 19 वरिष्ठ छात्राओं को दोषी ठहराते हुए उन्हें तीन महीने के लिए छात्रावास से निष्कासित कर दिया है. उन्हें चेतावनी दी गई है कि, भविष्य में इस तरह की किसी भी हरकत में शामिल पाए जाने पर महाविद्यालय से निष्कासित कर दिय जाएगा. ज्ञात हो कि, महाविद्यालय प्रशासन को पिछले 2० दिनों के दौरान दो बार बालिका छात्रावास में रैगिंग होने की गुमनाम शिकायतें प्राप्त हुई थीं. शिकायत में बताया गया था कि, नई छात्राओं को वरिष्ठ छात्राओं द्वारा परिचय देने के नाम पर प्रताड़ित किया जा रहा है, जिससे नई छात्राओं में भय का माहौल बना है. शिकायत में यह भी उल्लेख था कि, रैगिंग की घटनाएं रात 1० बजे के बाद होती हैं, जिससे अधिकारी व कर्मचारियों को इसकी भनक नहीं लग पाती.
जांच रिपोर्ट के आधार पर प्रशासन ने की कार्रवाई
इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए रैगिंग निरोधक समिति ने जांच शुरू की. इस दौरान छात्रावास की कनिष्ठ और वरिष्ठ छात्राओं के अलग-अलग बयान दर्ज किए गए. समिति ने सभी छात्राओं को भरोसा दिलाया कि, किसी का नाम उजागर नहीं किया जाएगा. इसके बाद कनिष्ठ छात्राओं ने स्वीकार किया कि, वरिष्ठ छात्राएं परिचय के बहाने उन्हें परेशान करती हैं. उन्होंने 19 दोषी छात्राओं की पहचान भी कर दी. जांच रिपोर्ट के आधार पर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए सभी दोषी छात्राओं को तीन महीने के लिए छात्रावास से निष्कासित कर दिया. उनसे लिखित में लिया गया कि, वे भविष्य में किसी भी नई छात्रा को परेशान नहीं करेंगी. उन्हें चेतावनी दी गई है कि, यदि दोबारा रैगिंग करते हुए पाई गईं, तो स्थायी निष्कासन की कार्रवाई की जाएगी.




