spot_imgspot_img

Top 5 This Week

spot_img

कांग्रेस ने जिला कलेक्टर कार्यालय के सामने किसानों की मांगों को लेकर दिया धरना

– जिला कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन

 वर्धा :- किसानों की विभिन्न मांगों को लेकर कांग्रेस पार्टी द्वारा जिला कलेक्टर कार्यालय के सामने जोरदार विरोध प्रदर्शन कर जिला कलेक्टर को एक ज्ञापन सौंपा गया। इस विरोध प्रदर्शन में महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान किसानों के मुद्दों पर आक्रामक रुख अपनाते हुए कई महत्वपूर्ण मांगें रखी गईं। प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि तुरंत सूखा घोषित किया जाए, सभी किसानों को बिना पंचनामा किए प्रति हेक्टेयर एक लाख रुपये की सहायता तुरंत दी जाए और किसानों के बच्चों को शिक्षा सहायता प्रदान की जाए। सबसे महत्वपूर्ण मांग यह की गई कि दिवाली से पहले किसानों तक ये सहायता पहुँच जाए। इन माँगों को लेकर कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने ज़िला कलेक्टर को एक ज्ञापन सौंपा है। कृषि संकट और किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर कांग्रेस पार्टी ने वर्धा जिला कलेक्टर कार्यालय के सामने जोरदार धरना और विरोध प्रदर्शन किया। इस आंदोलन का मुख्य उद्देश्य दिवाली से पहले किसानों को त्वरित आर्थिक राहत दिलवाना और सरकार का ध्यान किसानों की बदहाल स्थिति की ओर आकर्षित करना था।

इस विरोध प्रदर्शन में महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कई वरिष्ठ पदाधिकारी, जिला और तालुका स्तर के नेता, किसान प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने राज्य और केंद्र सरकार की नीतियों पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि सरकार किसानों की समस्याओं को गंभीरता से नहीं ले रही है, जिससे ग्रामीण क्षेत्र में व्यापक असंतोष व्याप्त है। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि बीमा कंपनियाँ समय पर भुगतान नहीं कर रहीं और किसानों को उचित लाभ नहीं मिल रहा। उन्होंने बीमा क्लेम की सीधी अदायगी और “बीमा ट्रिगर” की पुनर्स्थापना की मांग की। ग्रामीण इलाकों में बिजली की अनियमित आपूर्ति और ऊँचे बिल किसानों की परेशानी का कारण बन रहे हैं। कांग्रेस ने बिजली बिलों में छूट और नहरों, कुओं व टैंकों की सफाई जैसे उपायों की मांग की। आंदोलन के अंत में, कांग्रेस के एक प्रतिनिधि मंडल ने जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा, जिसमें किसानों की सभी माँगों को विस्तार से दर्ज किया गया था। कलेक्टर ने ज्ञापन स्वीकार करते हुए इसे सरकार तक पहुँचाने का आश्वासन दिया। दिवाली जैसे पर्व के पहले किसानों की दुर्दशा को लेकर कांग्रेस पार्टी का यह आंदोलन एक भावनात्मक और राजनीतिक दोनों ही दृष्टिकोण से अहम माना जा रहा है। इससे न सिर्फ सरकार पर दबाव बनेगा, बल्कि किसानों के मुद्दों को भी प्रमुखता से सामने लाया गया है।


Click above on our news logo to access the Daily E_Newspaper.
For articles or advertisements, contact us at: dineshdamahe86@gmail.com.

Copyright Disclaimer: If Any Image, video or article belongs to its respective owner/creator. Full credit goes to the original creator. No copyright infringement intended.