– तकनीकी खामियों से अन्नदाता परेशान
बुलढाणा :- टाकरखेडा संभू में पूर्णानगर के अल्पभूधारक किसान उमेश श्यामराव महिंगे का 5 एचपी से अधिक पॉवर वीडर घटक के लिए महा-डीबीटी पोर्टल पर चयन हुआ था। बीते पांच महीनों में उन्होंने तीन बार दस्तावेज अपलोड किए और इसकी पुष्टि के संदेश भी प्राप्त हुए। इसके बावजूद हाल ही में उन्हें सात दिनों के भीतर दोबारा दस्तावेज अपलोड न करने पर आवेदन रद्द करने की चेतावनी दी गई। इससे किसान में तीव्र आक्रोश है। महिंगेने सवाल उठाया है कि सरकार और कृषि विभाग किसानों की मदद के लिए हैं या उन्हें धमकाने के लिए। तहसील में इस तरह की शिकायत पहले नहीं आई थी। संभवतः यह पोर्टल की तकनीकी समस्या है, जिसे वरिष्ठ कार्यालय से चर्चा कर जल्द सुलझाया जाएगा। सोयाबीन फसल को हुमणी कीट से हुए भारी नुकसान बावजूद अब तक मुआवजा न मिलने की शिकायत की और विदर्भके के किसानों के साथ हो रहे कथित भेदभाव पर सवाल उठाया।




