– सिटी हॉस्पिटल, कामठी में अनोखी ‘भाई दूज’ मनाई गई; 50 साल की परंपरा बरकरार
कन्हान :- भाई-बहन के पवित्र रिश्ते और अटूट प्रेम का त्योहार है भाई दूज! हर साल की तरह, इस साल भी यह त्योहार बड़े उत्साह के साथ मनाया गया। हालांकि, कामठी के सिटी हॉस्पिटल में भाई दूज की एक अत्यंत भावनात्मक और अनोखी मिसाल देखने को मिली। करीब 50 साल की अटूट परंपरा खंडित न हो, इसलिए इस साल भाई ने अस्पताल में भर्ती बहन से मिलकर वहीं पर आरती कर तिलक लगाकर कन्हान के नारद गोपीचंद दारोडे और उनकी बहन सुशीला बालकोटे के बीच भाई-बहन का यह अनोखा प्रेम संबंध इस अवसर पर दिखाई दिया। पिछले 50 वर्षों से, सुशीला बालकोटे हर साल अपने भाई के घर जाकर उन्हें तिलक लगाती थीं और उनकी आरती करती थीं। लेकिन, इस साल सुशीला बालकोटे पिछले पाँच दिनों से सिटी हॉस्पिटल, कामठी में इलाज के लिए भर्ती हैं।
परंपरा न टूटे और बहन का प्रेम व्यक्त हो, इसलिए भाई नारद दारोडे खुद हॉस्पिटल पहुँचे और अपनी बहन से मिले। उन्होंने सुशीला बालकोटे को तिलक लगाया और आरती करके उनके दीर्घायुष्य के लिए भगवान से प्रार्थना की। इन भावुक पलों ने वहाँ मौजूद सभी लोगों की आँखें नम कर दीं। इस दौरान ज्ञानेश्वर दारोडे, आकांशा दारोडे, दिनेश बरबटे, चंपा दारोड़े, पुष्पा हारोडे, बेटा विलास बालकोटे, अमोल दारोडे सहित परिवार और मित्रगण उपस्थित थे।




