– पंजीकरण से लेकर शुल्क संरचना तक होंगे नए नियम
मुंबई :- राज्य में तेजी से बढ़ रहे कोचिंग संस्थानों पर नियंत्रण लाने के उद्देश्य से राज्य सरकार जल्द ही एक नियामक ढांचा लागू करने जा रही है, जिसमें पंजीकरण, सुविधाओं के मानक, शुल्क संरचना और भ्रामक वादों से संबंधित दिशा-निर्देश शामिल होंगे, केंद्र सरकार द्वारा जारी कोचिंग केंद्र नियमन दिशा-निर्देशों और देश के कुछ अन्य राज्यों के मौजूदा कानूनों के अध्ययन के आधार पर, राज्य का स्कूल शिक्षा विभाग कोचिंग क्लासेस के संचालन से संबंधित नियम तय करने वाली नीति तैयार कर रहा है.
स्कूल शिक्षा विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि प्रस्तावित नीति का प्रारूप (ड्राफ्ट पॉलिसी) आगामी शीतकालीन विधानसभा सत्र में प्रस्तुत किया जाएगा. उन्होंने कहा, “पिछले वर्ष केंद्र सरकार ने कोचिंग संस्थानों को विनियमित करने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए थे वहीं, गोवा, उत्तर प्रदेश और कर्नाटक जैसे कुछ राज्यों में कई वर्षों से इस तरह के कानून लागू हैं. विभाग इन सभी का अध्ययन कर रहा है ताकि महाराष्ट्र के लिए उपयुक्त नीति तैयार की जा सके. विभाग इस बात पर विचार कर रहा है कि ढांचे का उद्देश्य केवल नियंत्रण रखना हो या एक बेहतर नियामित कोचिंग उद्योग को बढ़ावा देना.




