– पदोन्नति में देरी से नाराज़गी
मुंबई :- राज्य के परिवहन विभाग में वर्षों से लंबित संरचना लागू करने की मांग अब आरटीओ कर्मचारियों के आक्रोश का कारण बन गई है। मोटर वाहन विभाग (आरटीओ) कर्मचारी संघ के नेतृत्व में कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ 27 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन क्रमिक भूख हड़ताल शुरू करने का ऐलान किया है। आरटीओ कर्मचारियों का कहना है कि विभागीय ढाँचा (काडर स्ट्रक्चर) अभी तक लागू नहीं किया गया है, जिसके कारण अनेक कर्मचारी लंबे समय से पदोन्नति से वंचित हैं। इस विषय पर सरकार से कई बार पत्राचार और बैठकें होने के बावजूद अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है। कर्मचारियों का आरोप है कि सरकार ने केवल “आश्वासन” दिए हैं, लेकिन उन पर अमल नहीं हुआ। मोटर वाहन विभाग कर्मचारी संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि वे कई वर्षों से धैर्यपूर्वक सरकार का इंतजार कर रहे थे। लेकिन जब मांगों पर कोई सुनवाई नहीं हुई, तो अब भूख हड़ताल ही एकमात्र रास्ता बचा है। संघ का कहना है कि अगर सरकार ने शीघ्र कार्रवाई नहीं की, तो आंदोलन को राज्यव्यापी स्तर पर विस्तारित किया जाएगा।
विभागीय कामकाज पर असर की आशंका
अनिश्चितकालीन हड़ताल के कारण मुंबई सहित राज्यभर के क्षेत्रीय परिवहन कार्यालयों (आरटीओ) में कामकाज प्रभावित होने की संभावना जताई जा रही है। इससे वाहन पंजीकरण, ड्राइविंग लाइसेंस जारी करने, टैक्स संग्रह, और परमिट नवीनीकरण जैसे कार्यों में देरी हो सकती है। संघ ने राज्य सरकार और परिवहन आयुक्त से अपील की है कि वे जल्द से जल्द वार्ता कर कर्मचारियों की मांगों को स्वीकार करें। उन्होंने कहा कि हड़ताल का उद्देश्य विभाग का काम ठप करना नहीं, बल्कि न्यायपूर्ण अधिकारों की प्राप्ति है।








