– ट्रेनों में खान-पान की खराब गुणवत्ता
नागुपर :- यात्रियों द्वारा लगातार शिकायते सामने आने से व्यवस्था पर चिंता बढ़ रही है. सबसे ज्यादा शिकायत प्रीमियम ट्रेनों में यात्रियों को परोसे गए खाने में कीडे मिलने की गंभीर शिकयत सामने आयी है. इस तरह की घटना ने न केवल रेलवे की साख पर सवाल खड़े किए है बल्कि यात्रियों के सेहत के साथ हो रहे खिलवाड को भी उजागर किया है. पहली घटना अहमदाबाद स मुंबई जा रही वंदे भारत ट्रेन में, दुसरी घटना ट्रेन नं. 225०० वंदे भारत एक्सप्रेस वाराणसी से देवघर इसके साथ साथ तीसरी घटना हैदराबाद- निजामुद्दिन दक्षिण एक्सप्रेस में खाने की गुणवत्ता को लेकर शिकायते आयी है. भारतीय यात्री संघ के सचिव बसंतकुमार शुक्ला ने रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से मांग की है कि, जो ट्रेनों में खाना सप्लाई करते है उन ठेकेदारों पर जुर्माना न लगाते हुये उनका लाइसेन्स रद्द करें. यात्रियों को सफर में उच्च स्तर का खाना देने का आदेश आई.आर.सी.टी.सी को दे.
नागपुर से मुंबई गाडी क्र. 1214०/12139 सेवाग्राम एक्सप्रेस में एसीआई का कोच जोडे. यह ट्रेन मध्य रेलवे के तहत नागपुर और मुंबई के बीच परिचालित है. वैसे इस ट्रेन में एसी (प्रथम श्रेणी) कोच जोडने की मांग दिन प्रति दिन बढ़ती जा रही है. क्योंकि गर्मी के दिनों में यात्रियों की एसी में सफर करने की मांग सबसे ज्यादा रहती है. यात्रियों का कहना है कि इन ट्रेनों में बड़ी संख्या में वरिष्ठ नागरिक, महिलाएं, व्यापारी, अधिकारी एवं व्यावसायिक यात्री सफर करते है, जिन्हें प्रथम श्रेणी एसी में यात्रा करने की आवश्यकता रहती है. इस बारे में मध्य रेलवे के मंडल रेल प्रबंधक तथा महाप्रबंधक को यात्रियों द्वारा सेवाग्राम एक्सप्रेस में एसी के बारे में पत्र भेजे परंतु अभी तक सुविधा प्रदान नही हुई.
ट्रेनों में बढ़ती भीड़ को देखते हुये हर ट्रेन में आरपीएफ को तैनात करें ताकि यात्री अपनी यात्रा सुरक्षित से कर सकें. टी.टी.ई और आरपीएफ की संख्या कम होने से ट्रेनों में भीड़ ज्यादा बढ़ती जा रही है.
यात्रीयों को यात्रा के दौरान एसी कोच में सफेद चादर की जगह रंगीन चादर एवं रंगीन तकिया कवर प्रदान करें क्योंकि सफेद चादर एवं सफेद तकिया कवर जल्दी गंदी होती है. इस बारे में यात्रियों ने मंडल रेल प्रबंधक से शिकायते की है, परंतु अभी तक इस पर कोई कार्रवाई नही हुई इस ओर भारतीय यात्री संघ के सचिव बसंत कुमार शुक्ला ने ध्यान आकर्षित किया है.