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एसएफटी अनुपालन और ई-वेरिफिकेशन योजना, 2021 पर जागरूकता संगोष्ठी का आयोजन

 

गढ़चिरौली जिला केंद्रीय सहकारी बैंक में संपन्न

गढ़चिरौली २४ : आयकर निदेशालय (संसूचना और आपराधिक अनवेषण विभाग), नागपुर द्वारा एसएफटी (वित्तीय लेन-देन विवरण) अनुपालन और ई-वेरिफिकेशन योजना, 2021 पर एक जागरूकता संगोष्ठी का आयोजन गढ़चिरौली जिला केंद्रीय सहकारी बैंक, गढ़चिरौली के परिसर में किया गया। इस संगोष्ठी का उद्देश्य रिपोर्टिंग संस्थाओं (REs) और पेशेवरों को आयकर अधिनियम के अंतर्गत उनकी वैधानिक जिम्मेदारियों के प्रति जागरूक करना और बेहतर अनुपालन को प्रोत्साहित करना था।

इस संगोष्ठी में उप-पंजीयक कार्यालयों (SROs), गढ़चिरौली जिले के सहकारी बैंकों, व्यापार संघ, टैक्स बार एसोसिएशन के सदस्यों तथा जीडीसीसी बैंक के प्रबंधकों ने सक्रिय भागीदारी की। लगभग 50 प्रतिनिधियों ने इस कार्यक्रम में भाग लिया।

सत्र की शुरुआत ऋषि कुमार बिसेन, अतिरिक्त निदेशक, आयकर (I&CI), नागपुर के उद्घाटन भाषण से हुई, जिसमें उन्होंने ई-वेरिफिकेशन योजना, 2021 की रूपरेखा और महत्त्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कर अनुपालन और रिटर्न दाखिले में एसएफटी डेटा की महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित किया और अंतर्राष्ट्रीय ढांचे जैसे FATCA और CRS के अंतर्गत रिपोर्टिंग वित्तीय संस्थानों की फॉर्म 61B दाखिल करने की जिम्मेदारियों पर भी चर्चा की।

इसके पश्चात  डी. के. झा, आयकर अधिकारी (I&CI-2, नागपुर) द्वारा एक तकनीकी प्रस्तुति दी गई, जिसे दो भागों में प्रस्तुत किया गया।
पहले भाग में करदाताओं और ई-फाइलिंग पोर्टल के बीच के इंटरफेस पर ध्यान केंद्रित किया गया — विशेष रूप से यह बताया गया कि करदाता पोर्टल पर साझा डेटा को कैसे देख सकते हैं और रिटर्न दाखिल करते समय उसका संज्ञान कैसे लें। साथ ही, प्रतिभागियों को सलाह दी गई कि वे ई-प्रोसीडिंग्स ढांचे के तहत भेजे गए नोटिस और सूचनाओं को नियमित रूप से पोर्टल पर चेक करते रहें।

प्रस्तुति के दूसरे भाग में निम्नलिखित महत्वपूर्ण बिंदुओं को शामिल किया गया:

ई-वेरिफिकेशन योजना, 2021 की प्रमुख विशेषताएं

फॉर्म 61A दाखिल करने की समय-सीमाएं और अन्य रिपोर्टिंग जिम्मेदारियां

डेटा क्वालिटी रिपोर्ट (DQR) के माध्यम से त्रुटिपूर्ण SFT फाइलिंग को सुधारने के निर्देश

PAN सत्यापन टूल्स और फॉर्म 60, 61 तथा 61A के दाखिले की प्रक्रिया

पॉवर ऑफ अटॉर्नी (PoA) धारकों से जुड़े लेनदेन की रिपोर्टिंग से संबंधित नियम
चूक या गैर-अनुपालन के दुष्परिणाम
सत्र में एक खुले मंच का आयोजन भी किया गया, जिसमें प्रतिभागियों ने SFT फाइलिंग और डेटा रिपोर्टिंग से जुड़ी अपनी समस्याएं और जिज्ञासाएं साझा कीं। इनका विस्तारपूर्वक समाधान  डी. के. झा द्वारा किया गया, जिन्होंने यह दोहराया कि विभाग सभी रिपोर्टिंग संस्थाओं को समय पर और सटीक अनुपालन सुनिश्चित कराने में हरसंभव सहायता हेतु प्रतिबद्ध है। प्रतिभागियों के द्वारा उठाए गए प्रश्नों का उत्तर नितिन श्रीवास्तव, आयकर अधिकारी (I&CI-1, नागपुर) द्वारा भी सहृदयता से दिया गया।

अंत में, आयकर निदेशालय (I&CI), नागपुर द्वारा सभी सहभागी संस्थाओं तथा गढ़चिरौली जिला केंद्रीय सहकारी बैंक, गढ़चिरौली के प्रबंधन को कार्यक्रम के सफल आयोजन में सहयोग हेतु धन्यवाद ज्ञापित किया गया।

इस कार्यक्रम का समन्वय  हिमांशु शर्मा और  रामकृष्ण, आयकर निरीक्षकों द्वारा कुशलतापूर्वक किया गया, जिनके प्रयासों से यह सत्र सफल और संवादपूर्ण रहा।

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