– बड़कस चौक पर तीव्र आंदोलन
नागपुर :- देश में चुनाव प्रक्रिया के गिरते स्तर, मतदाता सूचियों में कथित फेरबदल और लोकतांत्रिक मूल्यों के हनन का आरोप लगाते हुए आम आदमी पार्टी ने बड़कस चौक पर विरोध आंदोलन किया। इस दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई व तत्काल इस्तीफे की मांग भी गई गई। गुस्साए कार्यकर्ताओं ने चुनाव आयुक्त का प्रतीकात्मक श्राद्ध भी किया। गिरीश तीतरमारे के नेतृत्व में हुए इस आंदोलन में राज्य संगठन मंत्री भूषण ढाकुलकर सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी व कार्यकर्ता शामिल हुए।
आंदोलनकारियों ने चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति से संबंधित केंद्र सरकार का विवादित 2023 का नया कानून तत्काल रद्द करने, ज्ञानेश कुमार के कार्यकाल में हुए सभी चुनावों को रद्द कर उनकी निष्पक्ष जांच करने, ईवीएम की बजाय पूरी चुनाव प्रक्रिया बैलेट पेपर से कराने और मतदाता सूची में फेरबदल से पहले की मूल मतदाता सूची सार्वजनिक करने की मांग की।

विपक्षी दलों के वोटर्स हटाए
ढाकुलकर ने कहा कि 2023 का नया कानून लाकर सरकार ने चुनाव आयोग की स्वायत्तता खत्म करने का काम किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि ज्ञानेश कुमार के संरक्षण में मतदाता सूची से विपक्षी दलों और सामान्य मतदाताओं के नाम हटाने की साजिश रची गई। जब तक देश में दोबारा बैलेट पेपर से चुनाव नहीं होते और पारदर्शिता नहीं आती तब तक आम आदमी पार्टी का यह संघर्ष जारी रहेगा। आंदोलन में शहर अध्यक्ष अमेय नारनवरे, महिला अध्यक्ष पुष्पा डाबरे, युवा अध्यक्ष सुमित शेंडे, रोशन डोंगरे, चंद्रशेखर पराड, संजय जीवतोडे, सचिन लोणकर, प्रशांत अहिराव, प्रशांत मेश्राम, प्रज्ञाजीत सोमकुंवर, वीणा भोयर, अलका पोपटकर, टीना शेंडे सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और नागरिक शामिल हुए।








