– पुणे में 20 लाख का मिलावटी माल जब्त, एफडीए का बड़ा खुलासा
मुंबई :- गुड़ की बढ़ती मांग के बीच मिलावटखोरों ने इसमें भी सेंध लगानी शुरू कर दी है। अधिक मुनाफा कमाने के लिए गुड़ में शक्कर की मिलावट की जा रही है। यह खुलासा महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने सोमवार को किया। राज्यव्यापी विशेष अभियान के तहत पुणे में तीन अलग-अलग स्थान पर मिलावटी गुड़ के कारोबार का भंडाफोड़ किया है। करीब 20 लाख रुपए का गुड़ और मिलावट में इस्तेमाल की जा रही शक्कर जब्त की गई है। अधिकारियों के अनुसार, शुद्ध गुड़ के नाम पर उसमें शक्कर मिलाई जा रही है। एफडीए आयुक्त तुकाराम मुंढे के नेतृत्व में ‘सेफ फूड, सेफ ड्रग, सेफ महाराष्ट्र’ मुहिम शुरू की गई है। उसी के तहत छापेमारी हुई।
इन शहरों में की गई कार्रवाई : एफडीए ने 29 मई से 31 मई के बीच मुंबई, नवी मुंबई, पुणे, कोल्हापुर, सांगली, सतारा, नासिक, भंडारा, जालना, वर्धा, नांदेड़, यवतमाल, हिंगोली, धुले, बुलढाणा, अमरावती, अकोला और वाशिम सहित कई जिलों में व्यापक जांच की। इस दौरान मावा, खोवा, पनीर, तेल, मसाले, डेयरी उत्पाद, जूस, कुल्फी, आइसक्रीम, फ्रोजेन फूड और शीतल पेयों में भी अनियमितताएं मिलीं। प्रशासन ने दो दिन में 84 हजार किलो से अधिक संदिग्ध खाद्य सामग्री जब्त की, जिसकी अनुमानित कीमत करीब एक करोड़ रुपए है।
गुटखा-पान मसाला विक्रेताओं पर शिकंजा : प्रतिबंधित गुटखा और पान मसाला के खिलाफ भी एफडीए ने 25 से 31 मई के बीच अभियान चलाकर 72 एफआईआर दर्ज की, 102 आरोपी गिरफ्तार किए गए और 86 प्रतिष्ठान सील किए गए। 34 लाख रुपए का गुटखा-पान मसाला जब्त किया गया।
शिकायत के लिए शुरू होगा एप
शिकायत के लिए शुरू होगा एप और टोल-फ्री नंबर : एफडीए ने नागरिकों से अपील की है कि यदि किसी क्षेत्र में मिलावटी खाद्य पदार्थ, प्रतिबंधित गुटखा या पान मसाला की बिक्री की जानकारी मिले तो तत्काल शिकायत दर्ज कराएं। शिकायत के लिए विभाग जल्द ही नया मोबाइल एप और टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर शुरू करेगा।
नागरिकों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। गंभीर मामलों में फौजदारी मुकदमे दर्ज किए जाएंगे। मिलावट, अवैध उत्पादन और प्रतिबंधित पदार्थों के कारोबार में शामिल लोगों पर सख्ती जारी रहेगी।



