गोंदिया :- न कोई लिंक खुला, न कोई ओटीपी शेयर किया गया, न ही कोई यूपीआई पिन डाला गया, फिर भी एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है कि यहां एक युवक के बैंक खाते से 1 लाख 78 हजार 332 रु. की रकम ऑनलाइन ट्रांसफर कर ली गई. इस मामले में ग्रामीण पुलिस ने अज्ञात साइबर अपराधियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है. ग्राम गोंडीटोला-घिवारी निवासी कैलास रूपलाल फरकुंडे (34) यहां एक मेडिकल स्टोर में काम करता है. उसका बैंक ऑफ इंडिया (पांढराबोड़ी शाखा) में एक बचत खाता है. जिसके माध्यम से वह नियमित रूप से वित्तीय लेनदेन करता है. 19 मई की दोपहर जब उसने गूगल-पे के जरिए अपने खाते का बैलेंस चेक किया तो देखा कि खाते में पैसे कम हो गए हैं. इन लेनदेन के संबंध में कैलास को कोई संदिग्ध फोन, ओटीपी या लिंक प्राप्त नहीं हुआ. शिकायत में कहा गया है कि उसने किसी को यूपीआई पिन या बैंकिंग जानकारी नहीं दी. उसने दावा किया कि ट्रांजैक्शन के बाद भी उसे बैंक से कोई अलर्ट मैसेज नहीं मिला. यह देखकर कैलास तुरंत बैंक पहुंचा और बैंक ने खाता लॉक करने की प्रक्रिया की. इसके बाद उसने साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराकर जिला पुलिस अधीक्षक के साइबर सेल से संपर्क किया. इस मामले में ग्रामीण पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया है.








