– विरोधियों का काम आलोचना करना : अमृता फडणवीस
नागपुर :- मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की प्राथमिकता दिल्ली जाना नहीं, बल्कि महाराष्ट्र की सेवा और राज्य का विकास करना है। उनकी मानसिकता महाराष्ट्र की जनता के लिए काम करने की है और आगे भी यही रहेगी। यह बात अमृता फडणवीस ने बुधवार को नागपुर में पत्रकारों से बातचीत के दौरान कही।
शिवसेना (ठाकरे गुट) के नेता संजय राऊत के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के दिल्ली जाने की मानसिकता बनने संबंधी बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए अमृता फडणवीस ने कहा कि देवेंद्र फडणवीस की प्राथमिकता महाराष्ट्र की सेवा करना है। उन्होंने कहा कि अमेरिकी राजदूत द्वारा मुख्यमंत्री और महाराष्ट्र की प्रशंसा किया जाना भी खुशी की बात है। अमृता फडणवीस ने कहा कि विरोधियों का काम सरकार की आलोचना करना है, लेकिन यह आलोचना रचनात्मक और मुद्दे पर आधारित होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि रोज सुबह उठकर केवल शोर मचाना उचित नहीं है। लोकतंत्र में ठोस मुद्दों पर सरकार की आलोचना जरूरी है, लेकिन बिना वजह आलोचना करने का कोई औचित्य नहीं है।
आशा कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण:
उन्होंने बताया कि दिव्याज फाउंडेशन की ओर से आशा कार्यकर्ताओं के लिए वित्तीय साक्षरता और स्वास्थ्य संबंधी मार्गदर्शन अभियान शुरू किया गया है। इस अभियान के तहत करीब 300 आशा कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इसका उद्देश्य उन्हें आर्थिक और स्वास्थ्य संबंधी मामलों में अधिक जागरूक एवं सक्षम बनाना है।
आश्रमशालाओं में घटनाओं पर रोक जरूरी:
आश्रमशालाओं में सामने आई घटनाओं पर चिंता व्यक्त करते हुए अमृता फडणवीस ने कहा कि ऐसी घटनाएं किसी भी परिस्थिति में नहीं होनी चाहिए। संबंधित मामलों में कार्रवाई की गई है, लेकिन भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी प्रतिबंधात्मक उपाय करना भी जरूरी है। उन्होंने कहा कि बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए।





