– सीपी ने की कार्रवाई, जांच के आधार पर फैसला
नागपुर :- शहर में ट्रैफिक पुलिस द्वारा निजी ट्रैव्हल्स संचालकों से वसूली का मामला सामने आने के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है। पुलिस आयुक्त विश्वास नांगरे पाटिल ने कॉटन मार्केट ट्रैफिक विभाग में तैनात सहायक पुलिस निरीक्षक रवींद्र शेडगे को निलंबित कर दिया है। ट्रैफिक पुलिस उपायुक्त आदित्य मिरखेलकर द्वारा भेजे गए प्रस्ताव के बाद यह कार्रवाई की गई।
जानकारी के अनुसार, कॉटन मार्केट ट्रैफिक विभाग के अंतर्गत आने वाले गणेशपेठ परिसर में बड़ी संख्या में निजी ट्रैव्हल्स खड़ी रहती हैं। इन वाहनों के खिलाफ कार्रवाई के लिए तैनात ट्रैफिक पुलिस पर वसूली करने के आरोप लगे थे। कुछ दिन पहले इस कथित वसूली का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इसके बाद पुलिस आयुक्त को लिखित शिकायत मिली, जिसके आधार पर उन्होंने मामले की जांच के आदेश दिए। उपायुक्त आदित्य मिरखेलकर ने सहायक पुलिस आयुक्त गिरीश बने की अध्यक्षता में जांच समिति गठित की। जांच में एपीआई शेडगे की वसूली को लेकर जानकारी सामने आने के बाद उनके निलंबन का प्रस्ताव पुलिस आयुक्त को भेजा गया। इसके बाद गुरुवार रात शेडगे को निलंबित कर दिया गया।
नामी ट्रैव्हल्स से 4 हजार रुपये लेने का आरोप:
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, कॉटन मार्केट विभाग में निजी ट्रैव्हल्स से वसूली की शिकायतें लगातार सामने आती रही हैं। आरोप है कि एक नामी ट्रैव्हल्स कंपनी से 4 हजार रुपये वसूले गए थे। बताया जाता है कि शेडगे से पहले इस काम की जिम्मेदारी एक हवलदार के पास थी।








